कड़कनाथ मुर्गी पालन कैसे करे | कड़कनाथ मुर्गा पालन की जानकारी [Kadaknath Murga Farming]

नॉन-वेज फूड में चिकन को उसके बेहतरीन स्वाद के लिए जाना जाता है | लेकिन क्या आपने कभी ऐसा चिकन खाया है, जिसका स्वाद और गुण दोनों ही साधारण चिकन की तुलना में काफी ज्यादा होता है | यहाँ मुर्गे की एक ऐसी नस्ल के बारे में बात हो रही है, जिसे कड़कनाथ कहते है | बाजार में कड़कनाथ नस्ल वाले मुर्गी के अंडे व मांस की बहुत अधिक मांग रहती है, तथा कीमत भी काफी अच्छी मिलती है | बहुत से किसान या अन्य व्यक्ति भी कड़कनाथ मुर्गे का पालन कर आसानी से लाखो रूपए कमा रहे है |

कड़कनाथ मुर्गी पालन

कड़कनाथ मुर्गी पालन कैसे करे इससे सम्बंधित जानकारी

आप सिर्फ 1000 कड़कनाथ मुर्गो को पालकर लाखो कमा सकते है | व्यवसाय के रूप में देखे को कड़कनाथ मुर्गी पालन से आप अच्छी कमाई कर सकते है | यदि आप कड़कनाथ मुर्गो के लिए पोल्ट्री फार्म करने की सोच रहे है, तो इस लेख में आपको कड़कनाथ मुर्गी पालन कैसे करे, कड़कनाथ मुर्गा पालन की जानकारी [Kadaknath Murga Farming] के बारे में बताया जा रहा है |

कड़कनाथ मुर्गी की खासियत (Kadaknath Chicken Specialties)

भारत में कड़कनाथ मुर्गे की एक ऐसी नस्ल है, जिसका मांस काले रंग का होता है| कई रिसर्च के अनुसार सफ़ेद रंग वाले चिकन की तुलना में काले चिकन में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा काफी कम होती है, तथा एमिनो एसिड का लेवल अधिक होता है | देशी और बायलर मुर्गे की तुलना में इसका स्वाद काफी अच्छा होता है | मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले में इस काले मुर्गे का पालन किया जाता है, जहां इसे कालीमासी नाम से जानते है |

कड़कनाथ मुर्गे की जुबान, चोंच, मांस, अंडा बल्कि शरीर का हर भाग काला होता है | इसमें प्रोटीन भरपूर होता है, तथा वसा काफी कम होती है | इसलिए हार्ट और डायबिटीज के मरीजों के लिए यह चिकन काफी फायदेमंद होता है | देश के मशहूर क्रिकेटर महेंद्र सिंह धोनी ने भी कड़कनाथ मुर्गे पाल रखे है |

भारत में कड़कनाथ मुर्गा (Kadaknath Cock in India)

भारत में कड़कनाथ मुर्गा मुख्य रूप से मध्य प्रदेश राज्य के झाबुआ जिले में ही मिलता है | किन्तु कड़कनाथ की इस ब्रीड को अब तमिलनाडू, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ और आंध्रप्रदेश में पाया जाने लगा है | कड़कनाथ मुर्गे की तासीर काफी गर्म होती है, तथा देश से तक़रीबन सभी हिस्सों में इस मुर्गे की काफी अच्छी मांग रहती है | यह तीन प्रजातियों में पाया जाता है, जिसमे पेंसिल्ड, गोल्डन और जेड ब्लैक शामिल है | जेड ब्लैक मुर्गे के पंख पूरे काले होते है, तथा पेंसिल्ड प्रजाति के मुर्गे का आकार पेंसिल की तरह होता है, वही गोल्डन प्रजाति के मुर्गे के पंखो पर गोल्डन छींटे पड़े होते है |

कड़कनाथ मुर्गे के लिए सरकार द्वारा संचालित योजनाएं (Kadaknath Chicken Government Schemes)

सरकार कड़कनाथ मुर्गी पालन को बढ़ावा देने के लिए अनुदान प्रदान कर रही है | आप कड़कनाथ मुर्गो के चूजों को प्राप्त करने के लिए करीबी कृषि विज्ञान केंद्र से संपर्क करे | छत्तीसगढ़ की सरकार कड़कनाथ मुर्गी पालन के लिए आपको 50 से 55 हज़ार रूपए में 1000 चूजे, शेड के साथ 6 माह का खाना भी देती है | यह सहायता आपको तीन किस्तों में मिलती है | मुर्गी टीकाकरण सरकार द्वारा किया जाता है, तथा बड़े होने पर बाजार भी सरकार ही देती है | मध्यप्रदेश सरकार कड़कनाथ मुर्गी पालन योजना के अंतर्गत अंडा मशीन हैचर मुफ्त में देती है | काली मुर्गी पालन का जीआई टैग मध्यप्रदेश को दिया गया है |

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पोल्ट्री फार्म के लिए लोन व सब्सिडी (Poultry Farm Loan and Subsidy)

देश के तक़रीबन सभी राज्यों में नाबार्ड के पोल्ट्री वेंचर कैपिटल फंड और राष्ट्रीय पशुधन मिशन के अंतर्गत आप कड़कनाथ पोल्ट्री फार्म के लिए ऋण व सब्सिडी के लाभ ले सकते है | सामान्य श्रेणी वाले मुर्गी पालक को 25% अनुदान तथा BPL और SC/ST तथा उत्तर पूर्वी राज्य में रहने वाले लोगो को 33 प्रतिशत सब्सिडी का प्रावधान है |

कड़कनाथ मुर्गा पालन की जानकारी (Kadaknath Murga Farming)

कड़कनाथ मुर्गी का पालन भी सामान्य मुर्गी की तरह ही होता है | इनके आहार में भी अधिक खर्च नहीं आता है | यह बरसीम, बाजरा, हरा चारा और अनाज चोकर खाकर ही अच्छी वृद्धि करते है | आप आरम्भ में कम चूजों का ही पालन करे, पहले आप तक़रीबन 30 चूजे पाले | चूजों के लिए करीबी कृषि केंद्र से संपर्क कर सकते है | यहाँ पर आपको कड़कनाथ मुर्गी पालन करने के लिए जरूरी टिप्स दिए जा रहे है |

  • सबसे पहले आप किसी कड़कनाथ व्यवसायी या कृषि विज्ञान केंद्र से संपर्क कर खर्चे का आंकलन कर ले | इससे आपको बजट की जानकारी हो जाएगी, जिसके बाद आप यह तय कर सकेंगे, कि आप पोल्ट्री फार्म खोलेंगे या मुर्गियों का बिज़नेस करेंगे |
  • इसके बाद आप कड़कनाथ पोल्ट्री फार्म के लिए स्थान को चुने, तथा कितने क्षेत्र की जरूरत होती है, की जानकारी भी प्राप्त कर ले | भूमि क्षेत्रफल पता करने के पश्चात् मार्केट को ध्यान में रखते हुए स्थान को चुने | आप घर से भी मुर्गी पालन कर कम खर्च में भी इसकी शुरुआत कर सकते है|
  • स्थान चुनने के बाद फार्म तैयार करने के लिए शेड बनाए |
  • शेड तैयार करने के पश्चात् किसी कृषि विज्ञान केंद्र या कड़कनाथ मुर्गी पालन केंद्र से संपर्क करे |
  • अब आपको चूजों के आहार के लिए दाना पानी का प्रबंध करना होता है | आहार के तौर पर आप कार्बोहाइड्रेट्स, प्रोटीन और खनिज सामग्री युक्त चिनियाबादाम की खली, चावल ,चोकर,  मकई, मछली का चूरा, नमक, सरसों की खली, चूने का पत्थर और हड्डी का चूर्ण दे सकते है |
  • कड़कनाथ मुर्गी पालन शुरू करने के बाद आपको पालन से संबंधित कुछ सावधानियों को बरतना होता है | इसमें बीमारी से बचाने के लिए टीके लगाए जाते है |
  • आप सामान्य जानकारी के साथ मुर्गी पालन कर सकते है, तथा सरकार द्वारा चलाए जा रहे मुफ्त प्रशिक्षण ले सकते है |

कड़कनाथ मुर्गी का भाव (Kadaknath Price)

बाजार में कड़कनाथ मुर्गी के अंडे की काफी मांग रहती है | इसके एक अंडे का भाव 50 रूपए तक होता है | वही कड़कनाथ मुर्गे का भाव 900 से 1000 रूपए प्रतिकिलो होता है | इसके एक दिन के चूजे की कीमत भी 70 से 100 रूपए होती है | अगर आप 1 हज़ार कड़कनाथ मुर्गो का पालन कर लेते है, तो आप लाखो कमा सकते है |

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